टीईटी की अनिवार्यता के विरोध में देश की राजधानी दिल्ली के रामलीला मैदान में ऐतिहासिक आंदोलन ……
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष केदार जैन, मनीष मिश्रा एवं रविंद्र राठौर के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ प्रदेश से हजारों की संख्या में शामिल हो रहे शिक्षक …..

रायपुर //-
आज देश की राजधानी दिल्ली के रामलीला मैदान में टेट (टीईटी) की अनिवार्यता के विरोध में टीचर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के बैनर तले देशभर के शिक्षकों का राष्ट्रीय स्तर का आंदोलन हो रहा है।
उक्त आंदोलन में छत्तीसगढ़ प्रदेश से टीचर्स फेडरेशन ऑफ इंडिया के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष केदार जैन, मनीष मिश्रा तथा प्रांत अध्यक्ष रविंद्र राठौर के नेतृत्व में हजारों की संख्या शिक्षक शामिल हो रहे हैं।
राष्ट्रीय उपाध्यक्ष केदार ने बताया कि यह आंदोलन टीईटी के अनिवार्यता को रद्द करने, काला कानून वापस लेने तथा शिक्षकों की नौकरी पर मंडरा रहे खतरे को खत्म करने के लिए हो रहा है।
उल्लेखनीय की टीईटी की अनिवार्यता संबंधी काला कानून आने के बाद पूरे देश भर के शिक्षकों की नौकरी खतरे में है। जिसके कारण देशभर के शिक्षकों में सरकार के केंद्र एवं राज्य सरकारों के प्रति काफी ज्यादा आक्रोश निर्मित हो गया है।
केदार जैन ने आगे कहा कि यदि सरकार इसके बाद भी हरकत में नहीं आती है और काला कानून को वापस नहीं लेती है तो राजधानी दिल्ली के रामलीला मैदान में आने वाले दिनों में देशभर के शिक्षकों का अनिश्चितकालीन आंदोलन होगा। जहां पूरे सभी 28 राज्यों के 20 लाख शिक्षक स्कूलो में पढ़ाई छोड़ राजधानी दिल्ली में आंदोलन करेंगे जिसकी जिम्मेदारी केंद्र सरकार की होगी।
छत्तीसगढ़ से उक्त आंदोलन में टीएफआई के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष केदार जैन, मनीष मिश्रा, प्रांताध्यक्षगण रविन्द्र राठौर, कमलेश बिसेन, प्रदीप पांडे, रामचंद सोनवंशी, ममता खालसा, आदि के नेतृत्व में विभिन्न शिक्षक संगठनों के जिला ब्लाक अध्यक्ष, पदाधिकारियों सहित हजारों की संख्या में शिक्षक सम्मिलित हो रहे है।


